आलिया भट्ट की तरह रोजाना करें ये स्‍पेशल योग, बढ़ेगा चेहरे का ग्‍लो

 
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लाइफस्टाइल डेस्क, जयपुर।। बॉलीवुड एक्ट्रेस आलिया भट्टअपनी एक्टिंग के साथ-साथ अपनी फिटनेस के लिए भी मशहूर हैं।उनके वर्कआउट सेशन की तस्वीरें अक्सर सोशल मीडिया पर आती रहती है। हाल ही में योगा इंस्ट्रक्टर अंशुका परवानी इंस्टाग्राम पर एक फोटो शेयर कि है, जिसमें अर्धमत्स्येंद्रासन करती हुई दिखाई दे रही हैं। फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो चुकी है। लोग इस फोटो पर जमकर लाइक और कमेंट कर रहे हैं।आलिया भट्ट के योग करते हुए इस फोटो को लोग सोशल मीडिया पर जमकर पंसद कर रहे हैं। फोटो में देखा जा सकता है कि आलिया ने अपने बाल टॉप नॉट की तरह बांधे हुए हैं। उन्होंने टैंक टॉप और मजेंटा टाइट्स पहनी दिख रही है। हैं। अंशुका ने आलिया की यह फोटो शेयर करते हुए लिखा, ट्विस्ट एंड ग्लो। फोटो में आलिया के पीछे उनके सुंदर घर की झलक भी देखी जा सकती है। दीवार पर पैनल्स के साथ घड़ी भी नजर आ रही है। इसके अलावा कमरे में एक लैंप भी दिखाई दे रहा है। साथ ही एक बड़ा पीला सोफ भी दिखाई दे रहा है। बता दें कि आलिया अपने वर्कआउट के साथ कभी समझौता नहीं कती है। आलिया रोजाना वर्कआउट और योग करती हैं। इसके साथ ही वो कार्डियो, वेट ट्रेनिंग और डांस को अपने वर्कआउट रुटीन शामिल करती रहती हैं। फिल्मों में आने से पहले आलिया का वजन काफी था। लेकिन अब आलिया ने वर्कआउट को अपना रूटीन बना लिया।

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जिन्हें कुछ दिनों पहले ही में ट्रेनर अंशुका परवानी के साथ योग करते हुए देखा गया था। अंशुका द्वारा शेयर की गई पोस्ट में ब्रह्मास्त्र एक्‍ट्रेस को हाफ स्पाइनल ट्विस्ट या अर्ध मत्स्येन्द्रासन करते हुए देखा जा सकता है। इस फोटो के कैप्‍शन में लिखा है, 'ट्विस्ट एंड ग्लो'। अगर आप रीढ़ की हड्डी में मजबूती और ग्‍लोइंग त्वचा चाहती हैं तो आलिया भट्ट का ये योग पोज आजमा सकती हैं। आइए आलिया द्वारा किए जा रहे इस योग आसन के फायदे और करने के तरीके के बारे में आर्टिकल के माध्‍यम से विस्‍तार से जानते हैं। एक लचीली मुद्रा के रूप में, अर्ध मत्स्येन्द्रासन रीढ़ की हड्डी को ताकत देने में मदद करती है। यह एक गतिहीन जीवन शैली, खराब मुद्रा और तनाव के कारण गर्दन और पीठ के ऊपरी हिस्से में आने वाले तनाव को शांत करती है। हालांकि, हठ योग के किसी भी अन्य उन्नत मुद्रा की तरह, इसे एक्‍सपर्ट के मार्गदर्शन में किया जाना चाहिए।

अर्ध मत्स्येन्द्रासन करने की विधि

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  • सांस लें और फिर सांस छोड़ते हुए धड़ को जितना हो सके मोड़ें।
  • अब बाएं पैर को मोड़ें और दाएं घुटने के ऊपर से लाकर फिर बाएं पैर को जमीन पर रखें।
  • गर्दन को इस तरह मोड़ें कि आपकी नजर बाएं कंधे पर हो।
  • कमर को बाएं हाथ से घेरें। ऐसा करते हुए हथेली बाहर की ओर होनी चाहिए।
  • आसन को जारी रखें, सामान्य रूप से सांस लें।
  • कम से कम पांच गहरी सांसें लें और दूसरी तरफ दोहराएं।
  • आसन को तब तक किया जा सकता है जब तक आप सहज हों। एक दोहराव में प्रत्येक तरफ मुद्रा का प्रदर्शन होता है।
  • प्रत्येक सेक्‍शन में दो से तीन पूर्ण दोहराव किए जाने चाहिए।
  • फिर सांसों को छोड़ें और अपने कंधों को वापस पहली मुद्रा में लाएं।
  • अपना दाहिना हाथ छोड़ें और दोनों पैरों को सीधा फैलाएं।
  • अपनी सांसों को आराम दें।

अर्ध मत्स्येन्द्रासन के फायदे

  • पेट के हिस्‍से के वैकल्पिक संपीड़न और रिलीज को ब्‍लड सर्कुलेशन को बढ़ाने और आंतरिक अंगों की मालिश करने के लिए जाना जाता है। 
  • नियमित अभ्यास से पेट और कूल्हों की मसल्‍स को भी टोन करने में मदद मिलती है।
  • स्पाइनल ट्विस्टिंग लिवर और अग्न्याशय जैसे शरीर के आंतरिक अंगों को डिटॉक्सीफाई करने में मदद करता है। 
  • यह पाचन में सुधार करता है क्योंकि इसे करते समय वास्तव में आप अपने पेट के हिस्‍से को निचोड़ते हैं। 
  • इसे करते वक्त आप अपने पेट वाले हिस्से पर दबाव डालते हैं इसलिए यह पेट को टोन करने में भी मदद करती है और पीठ को भी मजबूत करती है। 
  • यह योग सीने को खोलता है और फेफड़ों में ऑक्सीजन की आपूर्ति बढ़ाता है।
  • यह ब्‍लड सर्कुलेशन में सुधार करने में भी मदद करता है जिससे चेहरे पर चमक आती है। 
  • प्राकृतिक विषहरण विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है जो हमें हेल्‍दी स्किन सेल्‍स के निर्माण की ओर ले जाता है।

अन्‍य कई योग भी करती हैं आलिया

इसके अलावा भी आलिया ने एक वीडियो शेयर किया था। इसमें आलिया को कई योगासन करते हुए देखा जा सकता है। वीडियो में आलिया द्वारा अभ्यास की गई प्रत्येक योग मुद्रा हमारे समग्र स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद है। 

इनमें से कुछ आसन करने के फायदे इस प्रकार हैं:

उत्थिता वशिष्ठासन हाथ, पेट और पैरों को मजबूत बनाने में मदद करता है। यह कलाई, पैरों की पीठ में स्‍ट्रेच लाता है और मजबूत करता है और शरीर में संतुलन की भावना में सुधार करता है।

नौकासन पेट, बांह, जांघ और कंधे की मसल्‍स को मजबूत करता है। यह लिवर, अग्न्याशय और किडनी के स्वास्थ्य में सुधार करता है।

धनुरासन हमारी टखनों, थाइज, कमर, पेट, चेस्‍ट और गले की मसल्‍स में स्‍ट्रेच लाता है। यह आसन में सुधार करता है और वर्कफ्रॉम होम करने वाली महिलाओं के लिए वास्तव में फायदेमंद है।

वृक्षासन पैरों को मजबूत बनाता है और सतर्कता और एकाग्रता में सुधार करता है। यह संतुलन और धीरज के साथ भी मदद करता है।

उत्तानासन ब्रेन को शांत करता है, तनाव को दूर करने में मदद करता है और डाइजेशन में सुधार करता है। यह हैमस्ट्रिंग, पिंडलियों और हिप्‍स में स्‍ट्रेच लाता है।

अश्व संचालनासन हिप्‍स और पैर के पिछले हिस्से में स्‍ट्रेच लाता है और क्वाड्रिसेप्स, ग्लूटस मैक्सिमस और हैमस्ट्रिंग को मजबूत करता है।

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