Breaking News : जिन लोगों ने लगवा ली है कोविड वैक्‍सीन, क्‍या वो भी हो सकते हैं Delta Plus वेरिएंट का शिकार, जानें ?

 
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हेल्थ जयपुर डेस्क !!! भारत के लगभग हर राज्य में धीरे-धीरे कोरोना की दूसरी लहर का अंत होता जा रहा है और सभी जगहों पर काविड के मरीजों की संखया भी कम होती जा रही हैं इसके साथ आपको बता दें कि राज्य सरकारों ने अपने—अपने राज्य में लॉकडाउन भी हटाना शुरू कर दिया है । लेकिन कोरोना वायरस के नए वेरिएंट डेल्टा और डेल्टा प्लस ने अब तक बहुत से लोगों को अपना शिकार बना लिया है । भले ही फिलहाल स्थिति पूरी तरह काबू में मगर कोरोना के डेल्टा और डेल्टा प्लस ने तीसरी लहर के संकेत दे दिए हैं ।

बताया जा रहा है कि, इसके लिए सभी विशेषज्ञ लोगों को जल्दी से जल्दी वैक्सीनेशन कराने की सलाह दे रहे हैं । मगर जो रिपोर्ट हमारे सामने आ रही हैं उससे तो एक ही बात साफ है कि कोरोना का डेल्टा और डेल्टा प्लस वेरिएंट वैक्सीन से बनी हुई इम्यूनिटी को भी मात देने में कामयाब हो रहा है ।

सरकार के द्वारा दी जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि, कोरोना का नया स्ट्रेन डेल्टा प्लस अधिक खतरनाक है । पिछले सभी वेरिएंट्स के मुकाबले यह ना केवल तेजी से फैलता है। बल्कि यह इम्यूनिटी को कमजोर करने और फेफड़ों को अधिक नुकसान पहुंचाने की क्षमता भी रखता है । जिसके कारण सरकार ने सभी राज्य सरकारों को कुछ दिशा निर्देश दिए हैं । सरकार ने राज्यों से कहा है कि, यह वायरस कम से कम फैले इसके लिए टेस्टिंग अधिक की जाए और इसके अलावा वैक्सीनेशन प्रक्रिया को भी तेज कर दिया जाएं ।

जानकारी के अनुसार, कोरोना का यह नया वेरिएंट अब तक करीब 9 देशों में मिला है । जिसमें यूएस, यूके, रूस, पुर्तगाल, स्विट्जरलैंड, जापान, पोलैंड, नेपाल, भारत और चीन जैसे देश शामिल है । अगर देखा जाए तो कोरोना वैक्सीन इसके सबसे पहले वेरिएंट यानी अल्फा, और इसके शुरुआती वेरिएंट के लिहाज से तैयार किया गया था । ऐसे में इस नए वेरिएंट की सबसे खास बात ये है कि, ये एंटीबॉडी को भी चकमा दे सकता है । हालांकि, डॉक्टरों ने बताया है कि कोरोना के डेल्टा वेरिएंट पर कुछ वैक्सीन काम करती हैं मगर डेल्टा प्लस वायरस को लेकर इस तरह के कोई प्रमाण नहीं मिले हैं ।

सूत्रों के अनुसार, राजस्थान के बीकानेर जिले से कोरोना वायरस के नए डेल्टा प्लस वेरिएंट का मामला सामनेे आया था । डॉक्टर ओ.पी चहर ने बताया कि जो महिला संक्रमित हुई उनकी आयु 65 साल है इसके आगे डॉक्टर ने जानकारी दी है कि वो महिला पहले ही कोरोना वैकसीन ले चुकी थी मगर उसके बाद भी वो इस नए वैरिएंट का शिकार हो गई । इसके आगे डॉक्टरों ने जानकारी देते हुए बताया है कि, महिला के खून के नमूनों को जांच के लिए पुणे के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ विरोलॉजी में भेजा जा चुका है । जिसकी जांच के बाद ही पता चला कि, उनके शरीर में डेल्टा प्लस वेरिएंट मौजूद है । ऐसे में यह कहा जा सकता है कि वैक्सीनेशन के दोनो डोज लगने के बाद भी व्यक्ति डेल्टा प्लस वेरिएंट का शिकार हो सकता है ।

विशेषज्ञों ने सभी लोगों को वैक्सीनेशन कराने की सलाह दी हैं । विशेषज्ञों का कहना है कि कुछ वैक्सीन इस वायरस के डेल्टा वेरिएंट पर भी काम करती है तो आवश्यक है कि, इस नए वैरिएंट से बचने के लिए आपको डबल मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग आदि का पालन करना आवश्यक हैं ।

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