पछताने से बेहतर है , गुजरे हुए वक़्त को भूलना ही बेहतर है अजमाए यह मेथड 

 
भूलना

जिंदगी में कुछ गलतियां हमारा पीछा कभी नहीं छोड़तीं. हम जिंदगी भर इस पछतावे (Regret) में जीते रह जाते हैं कि काश ऐसा नहीं होता या काश कि वो कदम मैने नहीं उठाया होता.  दरअसल ऐसा पछतावा हर किसी की जिंदगी का हिस्‍सा होती हैं. कुछ लोग इस पछतावे से खुद को उबार लेते हैं और कुछ लोग कशमकश में खुद को इतना उलझा लेते हैंआपको लाइफ में जिस बात का पछतावा है उन सभी को एक जगह लिखें और एक एक कर उस सिचुएशन में दुबारा जाएं जब आपने ये निर्णय लिया था. डायरी में यह भी लिखें कि जिस बात का आपको पछतावा है पछतावे से बाहर आने का सबसे कारगर नियम है खुद को माफ करना. आपको यह सोचना होगा कि तब आप नादान थे और गलतियां किसी से भी हो सकती है.

भूलना

अगर आपने किसी के साथ कुछ गलत किया है या आपको लगता है कि आपके किसी निर्णय की वजह से किसी का बहुत बड़ा नुकसान हुआ है तो इस पछतावे से उबरने के लिए आपके पास एक मात्र विकल्‍प मांफी मांगना है. आप जबतक माफी नहीं मांगते पछतावा आपका पीछा नहीं छोड़ेगी और आप जिंदगी भर परेशान रहेंगे.आप खुद की गलती को अगर स्‍वीकार करते हैं तो यह आपकी बहुत बड़ी जीत होगी. आप इगो छोड़कर दोस्‍तों या परिवार वालों के सामने इसे स्‍वीकार करें  आपको निश्चित रूप से शांति मिलेगी.

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