इन 5 यूनिवर्सटी का भारत ही नहीं विदेशों में भी चलता है नाम, पढ़ने आते हैं दूर-दूर से स्टूडेंट्स

 
इन 5 यूनिवर्सटी का भारत ही नहीं विदेशों में भी चलता है नाम, पढ़ने आते हैं दूर-दूर से स्टूडेंट्स

लाइफस्टाइल डेस्क।।   वैसे तो भारत हर चीज में विदेशों से मुकाबला करता है। जब शिक्षा की बात आती है तो भारत का मुकाबला कोई नहीं कर सकता। यहां छात्रों को न केवल पढ़ाया जाता है बल्कि उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए भी तैयार किया जाता है। भारत शुरू से ही शिक्षा के मामले में समृद्ध रहा है। नालंदा, तक्षशिला और विक्रमशिला जैसे महान विश्वविद्यालय प्राचीन काल से इसके प्रतीक रहे हैं। तो आइए हम आपको भारत के कुछ ऐसे ही विश्वविद्यालयों के बारे में बताते हैं।

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय

लाइफस्टाइल डेस्क।।   वैसे तो भारत हर चीज में विदेशों से मुकाबला करता है। जब शिक्षा की बात आती है तो भारत का मुकाबला कोई नहीं कर सकता। यहां छात्रों को न केवल पढ़ाया जाता है बल्कि उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए भी तैयार किया जाता है। भारत शुरू से ही शिक्षा के मामले में समृद्ध रहा है। नालंदा, तक्षशिला और विक्रमशिला जैसे महान विश्वविद्यालय प्राचीन काल से इसके प्रतीक रहे हैं। तो आइए हम आपको भारत के कुछ ऐसे ही विश्वविद्यालयों के बारे में बताते हैं।  जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भारत की राजधानी दिल्ली में स्थित है। यहां सिर्फ भारतीय ही नहीं बल्कि विदेशों से भी छात्र पढ़ने आते हैं। इस विश्वविद्यालय में भारतीय छात्रों की पसंद के सभी पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। यहां करीब 8 हजार छात्र पढ़ते हैं। इसकी गिनती भारत के सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालयों में होती है। इसकी स्थापना 1969 में हुई थी। विश्वविद्यालय का नाम भारत के पहले प्रधान मंत्री जवाहरलाल नेहरू के नाम पर रखा गया था। वर्ष 2017 में उन्हें राष्ट्रपति की ओर से सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालय का पुरस्कार मिला। निमाड़ली सीतारमण, जेएस शंकर जैसे दिग्गज नेताओं ने भी इसी विश्वविद्यालय से पढ़ाई की है।   कोलकाता विश्वविद्यालय इसकी स्थापना वर्ष 1857 में हुई थी। यह भारत के सबसे पुराने विश्वविद्यालयों में से एक है। विश्वविद्यालय में विज्ञान के लिए सबसे बड़ा नैनो विज्ञान और नैनो प्रौद्योगिकी केंद्र है, जो विदेशी छात्रों को भी आकर्षित करता है। इसे दिल्ली विश्वविद्यालय के बाद दुनिया का सबसे बड़ा विश्वविद्यालय माना जाता है। इस विश्वविद्यालय में विदेश से बच्चे भी पढ़ने आते हैं।    दिल्ली विश्वविद्यालय दिल्ली का जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भी बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए काफी अच्छा माना जाता है। इसकी स्थापना वर्ष 1922 में हुई थी। यहां छात्रों के लिए शिक्षा की सभी धाराएं उपलब्ध हैं। वह भूविज्ञान, समाजशास्त्र, रसायन विज्ञान और इतिहास में डिग्री प्रदान करता है। भारत ही नहीं विदेशों से भी छात्र यहां पढ़ने के लिए आते हैं।  भारतीय विज्ञान संस्थान बैंगलोर में स्थित, विश्वविद्यालय अपनी प्रौद्योगिकी और इंजीनियरिंग विज्ञान के लिए विश्व प्रसिद्ध है। विश्वविद्यालय 400 एकड़ के क्षेत्र में फैला हुआ है। इसमें लगभग 40 खंड हैं। विश्वविद्यालय अपने उत्कृष्ट अनुसंधान और अच्छे वैज्ञानिक उपकरणों के लिए विश्व प्रसिद्ध है। इसकी स्थापना वर्ष 1909 में हुई थी। विदेशों से भी विद्यार्थी यहां पढ़ने आते हैं।  बनारस हिंदू विश्वविद्यालय वर्ष 1916 में इस विश्वविद्यालय की स्थापना बसंत के दिन की गई थी। वाराणसी में स्थित यह विश्वविद्यालय बीएचयू के नाम से प्रसिद्ध है। यह एशिया के सबसे प्रसिद्ध विश्वविद्यालयों में से एक है। इसमें 30 हजार से ज्यादा छात्र पढ़ते हैं। दुनिया के अलग-अलग हिस्सों से छात्र यहां पढ़ने आते हैं।
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भारत की राजधानी दिल्ली में स्थित है। यहां सिर्फ भारतीय ही नहीं बल्कि विदेशों से भी छात्र पढ़ने आते हैं। इस विश्वविद्यालय में भारतीय छात्रों की पसंद के सभी पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। यहां करीब 8 हजार छात्र पढ़ते हैं। इसकी गिनती भारत के सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालयों में होती है। इसकी स्थापना 1969 में हुई थी। विश्वविद्यालय का नाम भारत के पहले प्रधान मंत्री जवाहरलाल नेहरू के नाम पर रखा गया था। वर्ष 2017 में उन्हें राष्ट्रपति की ओर से सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालय का पुरस्कार मिला। निमाड़ली सीतारमण, जेएस शंकर जैसे दिग्गज नेताओं ने भी इसी विश्वविद्यालय से पढ़ाई की है।


कोलकाता विश्वविद्यालय
इसकी स्थापना वर्ष 1857 में हुई थी। यह भारत के सबसे पुराने विश्वविद्यालयों में से एक है। विश्वविद्यालय में विज्ञान के लिए सबसे बड़ा नैनो विज्ञान और नैनो प्रौद्योगिकी केंद्र है, जो विदेशी छात्रों को भी आकर्षित करता है। इसे दिल्ली विश्वविद्यालय के बाद दुनिया का सबसे बड़ा विश्वविद्यालय माना जाता है। इस विश्वविद्यालय में विदेश से बच्चे भी पढ़ने आते हैं।

दिल्ली विश्वविद्यालय

लाइफस्टाइल डेस्क।।   वैसे तो भारत हर चीज में विदेशों से मुकाबला करता है। जब शिक्षा की बात आती है तो भारत का मुकाबला कोई नहीं कर सकता। यहां छात्रों को न केवल पढ़ाया जाता है बल्कि उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए भी तैयार किया जाता है। भारत शुरू से ही शिक्षा के मामले में समृद्ध रहा है। नालंदा, तक्षशिला और विक्रमशिला जैसे महान विश्वविद्यालय प्राचीन काल से इसके प्रतीक रहे हैं। तो आइए हम आपको भारत के कुछ ऐसे ही विश्वविद्यालयों के बारे में बताते हैं।  जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भारत की राजधानी दिल्ली में स्थित है। यहां सिर्फ भारतीय ही नहीं बल्कि विदेशों से भी छात्र पढ़ने आते हैं। इस विश्वविद्यालय में भारतीय छात्रों की पसंद के सभी पाठ्यक्रम उपलब्ध हैं। यहां करीब 8 हजार छात्र पढ़ते हैं। इसकी गिनती भारत के सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालयों में होती है। इसकी स्थापना 1969 में हुई थी। विश्वविद्यालय का नाम भारत के पहले प्रधान मंत्री जवाहरलाल नेहरू के नाम पर रखा गया था। वर्ष 2017 में उन्हें राष्ट्रपति की ओर से सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालय का पुरस्कार मिला। निमाड़ली सीतारमण, जेएस शंकर जैसे दिग्गज नेताओं ने भी इसी विश्वविद्यालय से पढ़ाई की है।   कोलकाता विश्वविद्यालय इसकी स्थापना वर्ष 1857 में हुई थी। यह भारत के सबसे पुराने विश्वविद्यालयों में से एक है। विश्वविद्यालय में विज्ञान के लिए सबसे बड़ा नैनो विज्ञान और नैनो प्रौद्योगिकी केंद्र है, जो विदेशी छात्रों को भी आकर्षित करता है। इसे दिल्ली विश्वविद्यालय के बाद दुनिया का सबसे बड़ा विश्वविद्यालय माना जाता है। इस विश्वविद्यालय में विदेश से बच्चे भी पढ़ने आते हैं।    दिल्ली विश्वविद्यालय दिल्ली का जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भी बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए काफी अच्छा माना जाता है। इसकी स्थापना वर्ष 1922 में हुई थी। यहां छात्रों के लिए शिक्षा की सभी धाराएं उपलब्ध हैं। वह भूविज्ञान, समाजशास्त्र, रसायन विज्ञान और इतिहास में डिग्री प्रदान करता है। भारत ही नहीं विदेशों से भी छात्र यहां पढ़ने के लिए आते हैं।  भारतीय विज्ञान संस्थान बैंगलोर में स्थित, विश्वविद्यालय अपनी प्रौद्योगिकी और इंजीनियरिंग विज्ञान के लिए विश्व प्रसिद्ध है। विश्वविद्यालय 400 एकड़ के क्षेत्र में फैला हुआ है। इसमें लगभग 40 खंड हैं। विश्वविद्यालय अपने उत्कृष्ट अनुसंधान और अच्छे वैज्ञानिक उपकरणों के लिए विश्व प्रसिद्ध है। इसकी स्थापना वर्ष 1909 में हुई थी। विदेशों से भी विद्यार्थी यहां पढ़ने आते हैं।  बनारस हिंदू विश्वविद्यालय वर्ष 1916 में इस विश्वविद्यालय की स्थापना बसंत के दिन की गई थी। वाराणसी में स्थित यह विश्वविद्यालय बीएचयू के नाम से प्रसिद्ध है। यह एशिया के सबसे प्रसिद्ध विश्वविद्यालयों में से एक है। इसमें 30 हजार से ज्यादा छात्र पढ़ते हैं। दुनिया के अलग-अलग हिस्सों से छात्र यहां पढ़ने आते हैं।
दिल्ली का जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय भी बच्चों के उज्जवल भविष्य के लिए काफी अच्छा माना जाता है। इसकी स्थापना वर्ष 1922 में हुई थी। यहां छात्रों के लिए शिक्षा की सभी धाराएं उपलब्ध हैं। वह भूविज्ञान, समाजशास्त्र, रसायन विज्ञान और इतिहास में डिग्री प्रदान करता है। भारत ही नहीं विदेशों से भी छात्र यहां पढ़ने के लिए आते हैं।

भारतीय विज्ञान संस्थान
बैंगलोर में स्थित, विश्वविद्यालय अपनी प्रौद्योगिकी और इंजीनियरिंग विज्ञान के लिए विश्व प्रसिद्ध है। विश्वविद्यालय 400 एकड़ के क्षेत्र में फैला हुआ है। इसमें लगभग 40 खंड हैं। विश्वविद्यालय अपने उत्कृष्ट अनुसंधान और अच्छे वैज्ञानिक उपकरणों के लिए विश्व प्रसिद्ध है। इसकी स्थापना वर्ष 1909 में हुई थी। विदेशों से भी विद्यार्थी यहां पढ़ने आते हैं।

बनारस हिंदू विश्वविद्यालय
वर्ष 1916 में इस विश्वविद्यालय की स्थापना बसंत के दिन की गई थी। वाराणसी में स्थित यह विश्वविद्यालय बीएचयू के नाम से प्रसिद्ध है। यह एशिया के सबसे प्रसिद्ध विश्वविद्यालयों में से एक है। इसमें 30 हजार से ज्यादा छात्र पढ़ते हैं। दुनिया के अलग-अलग हिस्सों से छात्र यहां पढ़ने आते हैं।

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